Follow us on
Tuesday, July 23, 2019
Punjab

अब धान की बजाए मक्की की फसल को प्रोत्साहित करेगी पंजाब सरकार

July 08, 2019 06:45 AM

जालंधर - पंजाब में लगातार गिरता जा रहा भू-जल पंजाब सरकार तथा कृषि माहिरों के लिए चिंता का विषय बन हुआ है। सरकार अब पानी की बर्बादी को रोकने के लिए पुख्ता कदम उठाने के साथ-साथ धान की बजाए मक्की की खेती करने के लिए किसानों को प्रोत्साहित करेगी। पंजाब कृषि विभाग ने मक्की की खेती के तहत वर्तमान 1.08 हेक्टेयर से 2 लाख हैक्टेयर भूमि लाने के लिए अभियान शुरू किया है। इससे आशा है कि पिछले वर्ष की तुलना में 7,60,000 मीट्रिक टन मक्का (मकई) का उत्पादन होगा, जो पिछले वर्ष की तुलना में 3,46,000 मीट्रिक टन अधिक होगा।

धान की तरह मक्की की फसल को अधिक पानी की अधिक आवश्यकता नहीं होती। दिन ब दिन गिरते जा रहे भू-जल के कारण पंजाब के लिए इसकी खेती लाभदायक होगी। आपको बता दें कि 1 किलो धान के उत्पादन के लिए औसतन 3,700 लीटर पानी की आवश्यकता होती है। इसके विपरीत, शीतकालीन मक्की की फसल को समान मात्रा में फसल के लिए लगभग 1,222 लीटर पानी की आवश्यकता होती है।पंजाब कृषि विभाग ने धान पर निर्भर जिलों में कुछ किसानों को मुआवजा देने के लिए एक कार्यक्रम शुरू किया है, जो धान से मक्का में बदल जाएगा। विभाग का मानना है कि इस परिवर्तन से धान की पराली जलाने की समस्या को रोकने में भी मदद मिलेगी। विभाग मक्की के बीज पर 90 रुपए प्रति किलो की सब्सिडी भी दे रहा है।

Have something to say? Post your comment
 
More Punjab News
कलोनियों को रेगुलर करने के लिए गमाडा हर हफ़्ते लगाएगी कैंप
पंजाब से नशे की समस्या को खत्म करने को हम प्रतिबद्ध हैं - हरप्रीत सिद्धू
पंजाब के राज्यपाल द्वारा भी सिद्धू का इस्तीफ़ा मंजूर
मांगे न मानने पर भड़के मुलाजिम, ऑफिस पर लगाया ताला
खेल मंत्री राणा सोढी द्वारा श्री गुरु नानक देव जी के 550वें प्रकाश पर्व को समर्पित खेल कैलेंडर जारी
बरगाड़ी मुद्दे पर सुखबीर बादल मगरमच्छ के आंसु बहाना बंद करे - कैप्टन अमरिन्दर सिंह
कलानौर में स्थापित किया जायेगा अत्याधुनिक प्रौद्यौगिकी वाला शूगरकेन रिर्सच एंड प्रशिक्षण इंस्टीट्यूट- रंधावा
पंजाब के कैबिनेट मंत्री पद से नवजोत सिंह सिद्धू ने दिया इस्तीफा
नाभा जेल में बंद पांच डेरा प्रेमियों को मिली जमानत
नशों से हरियाणा पंजाब को मुक्त करने पर मनोहर लाल व कैप्टन अमरिंदर एकमत